गुजरात ATS का बड़ा एक्शन, जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े 8 संदिग्ध गिरफ्तार, बड़ी आतंकी साजिश नाकाम, आतंकी नेटवर्क बनाने की थी कोशिश
- Shiv Kumar
- 06 Jul, 2026
गुजरात एंटी टेररिस्ट स्क्वाड (एटीएस) ने राज्य में एक बड़ी आतंकी साजिश का खुलासा करते हुए जैश-ए-मोहम्मद से कथित रूप से जुड़े आठ संदिग्धों को गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसी का दावा है कि ये लोग गुजरात में आतंकी नेटवर्क तैयार कर स्लीपर सेल सक्रिय करने की योजना बना रहे थे। गिरफ्तार आरोपियों में सात गुजरात के अलग-अलग जिलों से और एक मध्य प्रदेश के देवास से पकड़ा गया है। सभी के खिलाफ गैर-कानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम समेत कई गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। एजेंसियां अब इनके संपर्कों और फंडिंग नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही हैं।
पाकिस्तान से फंडिंग और आतंकी नेटवर्क बनाने की जांच
एटीएस के अनुसार, शुरुआती पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी इंटरनेट के जरिए पाकिस्तान में मौजूद अपने कथित हैंडलरों के संपर्क में थे और उनसे लगातार बातचीत कर रहे थे। जांच एजेंसी का दावा है कि उन्हें पाकिस्तान से आर्थिक मदद भी मिली थी। एटीएस महानिदेशक सुनील जोशी ने बताया कि आरोपियों के पास से जैश-ए-मोहम्मद का हाथ से बनाया गया झंडा बरामद हुआ है। इसके अलावा वडोदरा में एक आरोपी की मुलाकात जम्मू-कश्मीर से आए एक व्यक्ति से हुई थी, जो कथित तौर पर पाकिस्तानी हैंडलर के निर्देश पर वहां पहुंचा था। जांच में तीन लाख रुपये की कथित फंडिंग का भी पता चला है। एजेंसी इस पूरे नेटवर्क के अन्य संभावित सदस्यों और संपर्कों की तलाश में जुटी है।
मदरसों से कनेक्शन और डिजिटल साक्ष्यों की पड़ताल
जांच में यह भी सामने आया है कि गिरफ्तार किए गए कुछ आरोपियों का संबंध सिद्धपुर और चिखली स्थित मदरसों से बताया जा रहा है। एटीएस के मुताबिक आरोपी सोशल मीडिया और अन्य इंटरनेट माध्यमों से अपने कथित आकाओं के संपर्क में रहते थे और स्लीपर सेल से जुड़ी जानकारियां साझा करते थे। फिलहाल सभी आरोपियों के मोबाइल फोन, डिजिटल उपकरण, बैंक लेनदेन और अन्य दस्तावेजों की जांच की जा रही है। एटीएस ने आठों आरोपियों के खिलाफ यूएपीए के साथ-साथ भारत सरकार के खिलाफ युद्ध छेड़ने और आपराधिक साजिश से संबंधित भारतीय न्याय संहिता की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की है। एजेंसी का कहना है कि जांच अभी जारी है और आगे कई अहम खुलासे हो सकते हैं।
Leave a Reply
Your email address will not be published. Required fields are marked *






