हड़ताल की आड़ में शहर की खूबसूरती से खिलवाड़, नोएडा में कूड़ा प्रबंधन पूरी तरह फेल, अथॉरिटी की चुप्पी पर उठे सवाल
- Shiv Kumar
- 21 Feb, 2026
नोएडा शहर में कूड़ा-निस्तारण व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है। नोएडा प्राधिकरण के अधीन कूड़ा उठाने का जिम्मा संभाल रही एवीएन एनवायरो इंफ्रा कंपनी के कर्मचारियों की अचानक हड़ताल से कई सेक्टरों में गंदगी फैल गई है। बिना किसी पूर्व सूचना के काम बंद कर देने से निवासियों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। सेक्टर 22, 75 और 121 के लोगों ने स्वास्थ्य विभाग के महाप्रबंधक को लिखित शिकायत दी है, लेकिन हालात में अभी तक कोई ठोस सुधार नहीं दिखा। सुबह घरों के बाहर रखा जाने वाला कूड़ा वाहन न आने के कारण घंटों पड़ा रहता है, जिससे बदबू और संक्रमण का खतरा बढ़ रहा है।
घंटों सड़क पर पड़ा रहता है कूड़ा
निवासियों का कहना है कि कूड़ा उठाने वाले वाहनों का कोई तय समय नहीं है। लोग रोज की तरह सुबह ऑफिस जाने से पहले कूड़ा बाहर रख देते हैं, लेकिन गाड़ी न आने पर वही कचरा देर तक सड़कों पर पड़ा रहता है। आवारा पशु और कुत्ते कूड़े को इधर-उधर फैला देते हैं, जिससे गंदगी और बढ़ जाती है। कई बार हड़ताल की जानकारी भी पहले से नहीं दी जाती, जिससे स्थिति और अव्यवस्थित हो जाती है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि यदि वाहनों पर स्पष्ट समय-सारणी चस्पा कर दी जाए तो कम से कम नागरिक उसी अनुसार कूड़ा बाहर रख सकेंगे। साथ ही ड्राइवरों और हेल्परों के व्यवहार को लेकर भी शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं।
हर छह माह में हड़ताल, जनता परेशान
बताया जा रहा है कि लगभग हर छह माह में कर्मचारी हड़ताल पर बैठ जाते हैं। फिलहाल झाड़ू और सफाई कर्मचारी भी काम बंद किए हुए हैं। कई जगह कर्मचारी हाजिरी लगाने के बाद भी कार्य नहीं कर रहे। इसका सीधा असर शहर की स्वच्छता पर पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि कंपनी और कर्मचारियों के बीच चल रहे विवाद का खामियाजा आम जनता भुगत रही है। जगह-जगह कूड़े के ढेर लगने से बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। शिकायतों के बावजूद समाधान न होने से नागरिकों में रोष है। अब लोग प्रशासन से स्थायी समाधान और जवाबदेही तय करने की मांग कर रहे हैं।
Leave a Reply
Your email address will not be published. Required fields are marked *






