MNC कंपनियों में नौकरी दिलाने के नाम पर करते थे ठगी, नोएडा पुलिस ने गैंग के तीन आरोपियों को किया गिरफ्तार
- Shiv Kumar
- 13 Mar, 2026
ग्रेटर नोएडा के थाना बिसरख पुलिस ने MNC कंपनियों में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक CPU, एक मॉनिटर, एक कीबोर्ड, एक माउस, छह फर्जी जॉब ऑफर लेटर, तीन मोबाइल फोन और 7600 रुपये नकद बरामद किए हैं। पुलिस के मुताबिक आरोपी लोगों को बड़ी कंपनियों में अच्छी सैलरी वाली नौकरी दिलाने का झांसा देकर ठगी करते थे। पीड़ित की शिकायत पर 12 मार्च 2026 को थाना बिसरख में मुकदमा दर्ज किया गया था। इसके बाद पुलिस टीम ने जांच शुरू की और गोपनीय सूचना के आधार पर 13 मार्च को इटेड़ा गोल चक्कर के पास सर्विस रोड से तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
ऑनलाइन जॉब ऑफर भेजकर करते थे ठगी
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी लोगों को MNC कंपनियों में अच्छा पैकेज दिलाने का लालच देते थे। इसके बाद वे फर्जी कूटरचित जॉब ऑफर लेटर तैयार कर ईमेल के जरिए अभ्यर्थियों को भेजते थे। ऑफर लेटर देखकर उम्मीदवारों को विश्वास हो जाता था कि उनकी नौकरी लग गई है। इसके बाद आरोपी टोकन मनी के नाम पर पहले कुछ रकम अपने खातों में ट्रांसफर करा लेते थे। बाद में बाकी पैसे भी ऑनलाइन माध्यम से वसूल लेते थे। जब पीड़ित संबंधित कंपनी में जाकर नौकरी की जानकारी करते थे तो उन्हें पता चलता था कि ऑफर लेटर फर्जी है। इस तरह आरोपी लंबे समय से लोगों को झांसा देकर ठगी कर रहे थे।
फर्जी ईमेल आईडी बनाकर भेजते थे ऑफर लेटर
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे नामी कंपनियों जैसी दिखने वाली फर्जी ईमेल आईडी बनाकर ऑफर लेटर भेजते थे। इसके लिए वे कंप्यूटर की मदद से कंपनियों के लोगो और हेडर के साथ जॉब ऑफर लेटर तैयार करते थे। आरोपी MYWORKDAYJOBS.COM जैसी वेबसाइटों से नौकरी तलाशने वाले लोगों का डेटा हासिल करते थे और उनसे संपर्क कर नौकरी दिलाने का भरोसा दिलाते थे। इसके बदले सालाना पैकेज का 15 से 20 प्रतिशत तक रकम तय करते थे। आरोपी एडवांस के तौर पर 40 हजार से 60 हजार रुपये तक टोकन मनी लेते थे और फिर अलग-अलग बहाने बनाकर पीड़ितों को गुमराह करते रहते थे।
पुलिस कर रही खातों और लेनदेन की जांच
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विकास डाबर, अरुण कुमार और वैभव कुमार के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार विकास डाबर मूल रूप से हरियाणा के हिसार जिले का रहने वाला है और विदेशी कंपनी U.S. हेल्थ केयर में क्लेम सेटलमेंट से जुड़ा काम कर चुका है। उसके दोनों साथी भी पहले निजी कंपनियों में काम कर चुके हैं। पुलिस अब आरोपियों के बैंक खातों और अन्य लेनदेन की जांच कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि अब तक उन्होंने कितने लोगों को ठगा है। थाना बिसरख में भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
Leave a Reply
Your email address will not be published. Required fields are marked *






