विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर तैयारी तेज, गौतमबुद्ध नगर में 21 जिलों के अधिकारियों को दिया गया चुनावी प्रशिक्षण
- Shiv Kumar
- 19 Aug, 2026
उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर प्रशासनिक तैयारियां तेज कर दी गई हैं। इसी क्रम में उत्तर प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी की ओर से गौतमबुद्ध नगर में एक विशेष कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में मेरठ, सहारनपुर, मुरादाबाद, अलीगढ़ और आगरा मंडल के 21 जिलों के जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारियों ने हिस्सा लिया। प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों को चुनावी प्रक्रिया से जुड़ी तकनीकी व्यवस्थाओं की जानकारी दी जा रही है, ताकि चुनाव के दौरान किसी भी स्तर पर तकनीकी समस्या या भ्रम की स्थिति न बने।
EVM और VVPAT की कार्यप्रणाली समझाई जा रही
कार्यशाला में अधिकारियों को इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन यानी EVM और VVPAT से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी जा रही है। अधिकारियों को मशीनों के संचालन, प्रक्रिया और चुनाव के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों के बारे में प्रशिक्षित किया जा रहा है। इसके साथ ही एफएलसी यानी फर्स्ट लेवल चेकिंग से जुड़ी प्रक्रिया पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है। प्रशिक्षण का उद्देश्य अधिकारियों को चुनाव से पहले ही सभी तकनीकी पहलुओं से पूरी तरह परिचित कराना है, ताकि मतदान के समय व्यवस्थाएं सुचारु रूप से संचालित हो सकें।
21 जिलों के अधिकारी कार्यशाला में शामिल
इस कार्यशाला में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के पांच मंडलों के 21 जिलों के जिला निर्वाचन अधिकारी शामिल हुए। मेरठ, सहारनपुर, मुरादाबाद, अलीगढ़ और आगरा मंडल से पहुंचे अधिकारियों को चुनावी तैयारियों से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी जा रही है। अधिकारियों को प्रशिक्षण देने के साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जा रहा है कि वह अपने-अपने जिलों में चुनावी मशीनरी से जुड़े कर्मचारियों को प्रभावी तरीके से प्रशिक्षित कर सकें। इससे विधानसभा चुनाव की तैयारियों को समय रहते पूरा करने में मदद मिलेगी।
निष्पक्ष और शांतिपूर्ण चुनाव पर जोर
आगामी विधानसभा चुनाव को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए निर्वाचन विभाग की ओर से तैयारियों को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जा रहा है। अधिकारियों को तकनीकी प्रशिक्षण देने का उद्देश्य मतदान प्रक्रिया में किसी तरह की परेशानी को कम करना और मतदाताओं के लिए सुगम मतदान व्यवस्था सुनिश्चित करना है। प्रशासनिक स्तर पर चुनाव से पहले प्रशिक्षण, मशीनों की जांच और अन्य जरूरी व्यवस्थाओं को समय से पूरा करने पर जोर दिया जा रहा है।
Leave a Reply
Your email address will not be published. Required fields are marked *






