अंडर-19 वनडे वर्ल्ड कप आज से, 22 दिन में 41 मुकाबले, छठवीं बार भारत के जीतने की क्या है संभावना, इंडिया-पाक मैच होगा या नहींं?
- Shiv Kumar
- 15 Jan, 2026
अंडर-19 वनडे वर्ल्ड कप 2026 का 16वां संस्करण आज से शुरू हो रहा है। यह मेगा टूर्नामेंट 15 जनवरी से 6 फरवरी तक दो अफ्रीकी देशों जिम्बाब्वे और नामीबिया में खेला जाएगा। 22 दिनों तक चलने वाले इस वर्ल्ड कप में कुल 16 टीमें खिताब के लिए भिड़ेंगी और इस दौरान कुल 41 मैच खेले जाएंगे। मौजूदा चैंपियन ऑस्ट्रेलिया अपने खिताब को बचाने की कोशिश के साथ उतरेगा, जबकि भारत सबसे ज्यादा पांच बार ट्रॉफी जीतने वाली टीम होने के नाते छठा खिताब अपने नाम करने के इरादे से मैदान में उतरेगा। टूर्नामेंट के सभी मुकाबले 50 ओवर के होंगे और युवा खिलाड़ियों के लिए यह मंच खुद को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर साबित करने का बड़ा मौका माना जा रहा है।
भारत-अमेरिका से होगी टूर्नामेंट की शुरुआत
टूर्नामेंट का पहला मुकाबला आज 15 जनवरी को भारत और अमेरिका के बीच जिम्बाब्वे के बुलावायो स्थित क्वींस स्पोर्ट्स क्लब में खेला जाएगा। सभी मैच स्थानीय समय के अनुसार सुबह 9:30 बजे से शुरू होंगे, जबकि भारतीय समयानुसार मुकाबले दोपहर 1 बजे से देखे जा सकेंगे। भारतीय टीम इस वर्ल्ड कप में संतुलित स्क्वॉड के साथ उतरी है और टीम मैनेजमेंट को युवा खिलाड़ियों से शानदार प्रदर्शन की उम्मीद है। पिछली कुछ अंडर-19 सीरीज में भारत का प्रदर्शन मजबूत रहा है, ऐसे में फैंस को उम्मीद है कि टीम इस बार भी खिताब तक का सफर तय करेगी। अमेरिका जैसी उभरती टीम के खिलाफ पहला मुकाबला भारत के लिए लय बनाने का अच्छा अवसर माना जा रहा है।
ग्रुप स्टेज और सुपर सिक्स का फॉर्मेट
अंडर-19 वर्ल्ड कप की शुरुआत ग्रुप स्टेज से होगी, जहां 16 टीमों को चार ग्रुप में बांटा गया है। हर टीम अपने ग्रुप की बाकी तीन टीमों से एक-एक मैच खेलेगी। ग्रुप स्टेज के बाद हर ग्रुप की टॉप-3 टीमें, यानी कुल 12 टीमें सुपर सिक्स के लिए क्वालीफाई करेंगी। ग्रुप में चौथे स्थान पर रहने वाली टीमों को प्लेसमेंट मैच खेलने होंगे। सुपर सिक्स चरण में 12 टीमों को दो ग्रुप में बांटा जाएगा। खास बात यह है कि ग्रुप स्टेज में जिन टीमों को हराकर कोई टीम सुपर सिक्स में पहुंचती है, उनके खिलाफ हासिल किए गए अंक आगे भी जोड़े जाएंगे। इससे हर मैच की अहमियत और बढ़ जाती है।
सेमीफाइनल से फाइनल तक का सफर
सुपर सिक्स के बाद दोनों ग्रुप की टॉप-2 टीमें सेमीफाइनल में जगह बनाएंगी। सेमीफाइनल मुकाबलों के बाद जीतने वाली दो टीमें 6 फरवरी को हरारे में खेले जाने वाले फाइनल में आमने-सामने होंगी। जिम्बाब्वे और नामीबिया की पिचें आमतौर पर तेज गेंदबाजों को मदद देती हैं, ऐसे में टूर्नामेंट में गेंद और बल्ले के बीच दिलचस्प मुकाबले देखने को मिल सकते हैं। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि यह वर्ल्ड कप भविष्य के अंतरराष्ट्रीय सितारों को पहचान दिलाने वाला मंच साबित होगा। भारत, ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड जैसी पारंपरिक मजबूत टीमों के साथ-साथ कुछ नई टीमें भी चौंकाने वाला प्रदर्शन कर सकती हैं।
Leave a Reply
Your email address will not be published. Required fields are marked *






