ईशान किशन ने रचा इतिहास, दलीप ट्रॉफी में डबल सेंचुरी ठोककर 39 साल पुराना कीर्तिमान किया अपने नाम

top-news
ईशान किशन ने दलीप ट्रॉफी फाइनल में साउथ जोन के खिलाफ दोहरा शतक जड़कर ईस्ट जोन को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। 270 गेंदों में 200 रन पूरे करने वाले ईशान ने अंशुमान गायकवाड का 39 साल पुराना रिकॉर्ड भी तोड़ दिया।

दलीप ट्रॉफी 2026 के फाइनल में ईस्ट जोन के कप्तान ईशान किशन ने साउथ जोन के खिलाफ शानदार दोहरा शतक जड़ दिया। उनकी इस पारी ने न सिर्फ ईस्ट जोन को बड़े स्कोर तक पहुंचाया, बल्कि दलीप ट्रॉफी के रिकॉर्ड बुक में भी उनका नाम दर्ज करा दिया। ईशान ने पहले शतक पूरा किया और फिर डेढ़ सौ रन के आंकड़े को पार करते हुए दोहरा शतक भी पूरा कर लिया। दलीप ट्रॉफी में यह ईशान का पहला दोहरा शतक है। हालांकि, इससे पहले वह वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में डबल सेंचुरी लगा चुके हैं।


270 गेंदों में पूरी की डबल सेंचुरी

ईशान किशन ने सिर्फ 270 गेंदों में अपना दोहरा शतक पूरा किया। इस दौरान उनके बल्ले से 26 चौके और 2 छक्के निकले। खास बात यह रही कि उन्होंने चौका लगाकर 200 रन का आंकड़ा छुआ। उनकी इस विस्फोटक पारी के दम पर ईस्ट जोन का स्कोर 550 रन के पार पहुंच गया और टीम ने फाइनल में अपनी स्थिति काफी मजबूत कर ली। प्रथम श्रेणी क्रिकेट में यह ईशान किशन का पहला दोहरा शतक है। इससे पहले वनडे इंटरनेशनल में वह डबल सेंचुरी लगाने का कारनामा कर चुके हैं। फाइनल जैसे बड़े मुकाबले में कप्तानी करते हुए उनका यह प्रदर्शन टीम के लिए बेहद अहम साबित हुआ है।


ईस्ट जोन के लिए ऐसा करने वाले तीसरे बल्लेबाज

ईशान किशन दलीप ट्रॉफी में ईस्ट जोन की तरफ से दोहरा शतक लगाने वाले तीसरे बल्लेबाज बन गए हैं। उनसे पहले अरुण लाल ने इस टूर्नामेंट में ईस्ट जोन के लिए दो बार दोहरा शतक लगाया था। वहीं, सबा करीम भी एक बार यह उपलब्धि हासिल कर चुके हैं। इस तरह ईशान ने इन दिग्गज बल्लेबाजों की सूची में अपनी जगह बना ली है। उनकी पारी की खासियत सिर्फ रन बनाने की रफ्तार नहीं रही, बल्कि फाइनल में टीम को मजबूत स्थिति तक पहुंचाना भी रही।


अंशुमान गायकवाड का 39 साल पुराना रिकॉर्ड टूटा

ईशान किशन की डबल सेंचुरी इसलिए भी खास है क्योंकि उन्होंने करीब 39 साल पुराना रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। इससे पहले दलीप ट्रॉफी के फाइनल में कप्तान के तौर पर सबसे बड़ी पारी खेलने का रिकॉर्ड अंशुमान गायकवाड के नाम था। गायकवाड ने 1987 में दलीप ट्रॉफी फाइनल में कप्तानी करते हुए 216 रन की पारी खेली थी। अब ईशान किशन ने दोहरा शतक लगाकर इस रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। इस तरह वह दलीप ट्रॉफी के फाइनल में कप्तान के तौर पर सबसे बड़ी पारी खेलने वाले बल्लेबाज बन गए हैं।


दलीप ट्रॉफी में सिर्फ दो तिहरे शतक

दलीप ट्रॉफी के इतिहास में तिहरा शतक लगाना बेहद मुश्किल उपलब्धि रही है। अब तक सिर्फ दो बल्लेबाज ही इस टूर्नामेंट में 300 या उससे ज्यादा रन की पारी खेल पाए हैं। रमन लांबा ने 320 रन बनाए थे, जबकि गगन खोड़ा ने 300 रन की पारी खेली थी। ईशान किशन की दोहरी शतकीय पारी ने फाइनल के रोमांच को और बढ़ा दिया है। अब उनकी इस पारी के बाद ईस्ट जोन की नजर मैच में बड़ी बढ़त हासिल करने पर होगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *