एयरप्लेन मोड या डू नॉट डिस्टर्ब? जानिए फोन की बैटरी बचाने में कौन ज्यादा असरदार

top-news
स्मार्टफोन में एयरप्लेन मोड और डू नॉट डिस्टर्ब दोनों फीचर अलग-अलग काम करते हैं। एक्सपर्ट्स के मुताबिक बैटरी बचाने के मामले में एयरप्लेन मोड ज्यादा असरदार माना जाता है।

स्मार्टफोन में आजकल कई ऐसे फीचर्स मिलते हैं जो यूजर्स की रोजमर्रा की जरूरतों को आसान बनाते हैं। इनमें एयरप्लेन मोड और डू नॉट डिस्टर्ब सबसे ज्यादा इस्तेमाल किए जाने वाले फीचर्स में शामिल हैं। हालांकि बहुत से लोग इस बात को लेकर कंफ्यूज रहते हैं कि आखिर बैटरी बचाने के मामले में कौन सा फीचर ज्यादा फायदेमंद है। कुछ लोगों को लगता है कि Do Not Disturb मोड बैटरी बचाता है, जबकि कई यूजर्स एयरप्लेन मोड को ज्यादा असरदार मानते हैं। दरअसल दोनों फीचर्स का काम अलग-अलग होता है। एक तरफ Do Not Disturb केवल नोटिफिकेशन और कॉल्स को साइलेंट करता है, वहीं एयरप्लेन मोड फोन की कई कनेक्टिविटी सेवाओं को बंद कर देता है। यही वजह है कि दोनों के असर में बड़ा अंतर देखने को मिलता है।


एयरप्लेन मोड कैसे बचाता है बैटरी?

एयरप्लेन मोड को आमतौर पर फ्लाइट में इस्तेमाल किया जाता है, लेकिन यह बैटरी सेविंग के लिए भी बेहद उपयोगी फीचर माना जाता है। इस मोड को ऑन करते ही फोन के सेल्युलर नेटवर्क, वाई-फाई और ब्लूटूथ जैसे वायरलेस रेडियो बंद हो जाते हैं। इससे फोन लगातार नेटवर्क खोजने या इंटरनेट से जुड़े रहने की कोशिश नहीं करता, जिसके कारण बैटरी की खपत काफी कम हो जाती है। खासतौर पर कमजोर नेटवर्क वाले इलाकों में फोन ज्यादा बैटरी खर्च करता है, क्योंकि वह लगातार सिग्नल सर्च करता रहता है। ऐसे में एयरप्लेन मोड ऑन करने से बैटरी लाइफ बढ़ाने में मदद मिल सकती है। इमरजेंसी में जब बैटरी बहुत कम बची हो, तब यह फीचर काफी काम आता है।


डू नॉट डिस्टर्ब सिर्फ करता है नोटिफिकेशन साइलेंट

वहीं डू नॉट डिस्टर्ब का मुख्य काम फोन को शांत रखना है। यह फीचर कॉल्स, मैसेज और ऐप नोटिफिकेशन को साइलेंट कर देता है ताकि मीटिंग, पढ़ाई या सोने के दौरान कोई डिस्टर्बेंस न हो। लेकिन इस मोड में फोन इंटरनेट, मोबाइल नेटवर्क और बाकी कनेक्टिविटी सेवाओं से जुड़ा रहता है। यानी बैकग्राउंड में डेटा और नेटवर्क का इस्तेमाल जारी रहता है। यही वजह है कि इससे बैटरी की बचत बहुत कम होती है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक अगर आपका मकसद केवल बैटरी बचाना है तो एयरप्लेन मोड ज्यादा असरदार साबित होगा। वहीं अगर आप सिर्फ नोटिफिकेशन से बचना चाहते हैं तो डू नॉट डिस्टर्ब बेहतर विकल्प है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *