Greater Noida: पॉल्यूशन रोकने के लिए 'मंथन', थैनॉक्स कंपनी ने पेश की योजना, पढ़ें एक क्लिक में क्या कुछ हुआ ?

top-news
बढ़ते पॉल्यूशन को रोकने और साफ-सफाई बढ़ाने के लिए ग्रेटर नोएडा में तेजी से उठाए कदम जा रहे है, जिसको लेकर अथॉरिटी के अफसरों ने भी मंथन किया है,

बढ़ते पॉल्यूशन को रोकने और साफ-सफाई बढ़ाने के लिए ग्रेटर नोएडा में तेजी से उठाए कदम जा रहे है, जिसको लेकर अथॉरिटी के अफसरों ने भी मंथन किया है, जिसमे एक खास तरह की योजना को भी दिखाया गया है.


नोएडा-ग्रेटर नोएडा में पॉल्यूशन काफी बढ़ता जा रहा है, जिसको लेकर ग्रेटर नोएडा औद्योगिक विकास प्राधिकरण ने क्षेत्र के सबसे अहम जल स्रोतों में से एक लोहिया नाला को साफ और प्रदूषणमुक्त बनाने के लिए बड़ी पहल शुरू कर दी है. इसी सिलसिले में 7 जुलाई 2025 को अथॉरिटी के बोर्ड रूम में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसकी अध्यक्षता एसीईओ सुनील कुमार सिंह ने की. इस बैठक में एसीईओ श्रीलक्ष्मी वीएस और सुमित यादव भी मौजूद रहे. बताया जा रहा है कि बैठक का उद्देश्य लोहिया नाले में गिर रहे सीवेज के ट्रीटेड करने की योजना पर विस्तृत चर्चा करना रहा. इस दौरान M/S Thetanox Consulting Envirotech कंपनी के प्रतिनिधियों ने अपना प्रजेंटेशन दिया.


थैनॉक्स कंपनी ने दी योजना और सर्वे रिपोर्ट


खबरों की मानें तो बैठक में थैनॉक्स टीम ने ग्रेटर नोएडा से होकर गुजरने वाले लोहिया नाले की मौजूदा स्थिति पर आधारित सर्वे रिपोर्ट साझा की. इसके साथ ही, कंपनी ने ये भी बताया कि नाले के पानी को साफ करने के लिए किन-किन तकनीकों और संसाधनों का इस्तेमाल किया जाएगा. उन्होंने बताया कि ये योजना सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड के मानकों के अनुसार ही तैयार की जा रही है. इसके अलावा, थैनॉक्स टीम ने ग्रेटर नोएडा में सीवेज ट्रीटमेंट को लेकर भविष्य में किए जाने वाले कार्यों की विस्तृत कार्ययोजना भी प्रस्तुत की. इसमें ट्रीटमेंट यूनिट्स की स्थापना, ड्रेन की सफाई, और टेक्नोलॉजी इंटीग्रेशन जैसे बिंदु शामिल थे.


अधिकारियों ने मांगी विस्तृत रिपोर्ट


बताया जा रहा है कि बैठक में प्राधिकरण अधिकारियों ने कंपनी से परियोजना की अनुमानित लागत के बारे में जानकारी ली. साथ ही ये स्पष्ट किया कि सभी कार्य सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड के तय मानकों के अनुरूप ही होने चाहिए. प्राधिकरण ने कंपनी से जल्द से जल्द एक पुख्ता और विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए हैं ताकि अगली प्रक्रिया को जल्द शुरू किया जा सके. इस बैठक में जीएम प्लानिंग लीनू सहगल, सलाहकार समाकांत श्रीवास्तव, और वरिष्ठ प्रबंधक सुधीर कुमार भी उपस्थित रहे. प्राधिकरण का उद्देश्य है कि लोहिया नाले को प्रदूषणमुक्त किया जाए और ग्रेटर नोएडा को एक स्वच्छ, हरित और टिकाऊ शहर के रूप में विकसित किया जा सके.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *