नोएडा एनसीआर के तीनों प्राधिकरण पर किसानों का गंभीर आरोप, अथॉरिटीज के खिलाफ बड़ी पंचायत की तैयारी, जानें पूरा मामला

top-news
ग्रेटर नोएडा के जेवर क्षेत्र में भाकियू (चढूनी) की मासिक बैठक में विकास प्राधिकरणों पर किसानों के उत्पीड़न का आरोप लगाया गया। जल्द बड़ी पंचायत और 23 मार्च को कुरुक्षेत्र में विशाल किसान मजदूर रैली के आयोजन का ऐलान किया गया।

ग्रेटर नोएडा के जेवर क्षेत्र स्थित खेरली भाव गांव में रविवार को भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) की मासिक बैठक आयोजित की गई। बैठक में किसान, मजदूर और विकास प्राधिकरणों से जुड़ी समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई, साथ ही आने वाले दिनों में आंदोलन की रणनीति भी तय की गई। बैठक की अध्यक्षता अबरार अहमद ने की। यह बैठक इसराईल प्रधान के कार्यालय पर संपन्न हुई, जिसमें बड़ी संख्या में किसान और संगठन के पदाधिकारी मौजूद रहे।


विकास प्राधिकरणों पर किसानों के उत्पीड़न का आरोप
बैठक को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष इरफान प्रधान ने कहा कि गौतम बुद्ध नगर जिले में कार्यरत तीनों विकास प्राधिकरण लगातार किसानों का उत्पीड़न कर रहे हैं। किसानों की जमीन, मुआवजा, पुनर्वास और रोजगार से जुड़े मुद्दे लंबे समय से लंबित हैं। किसान अपनी मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन, पंचायत और ज्ञापन जैसे लोकतांत्रिक तरीकों का सहारा ले रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया जा रहा है। इरफान प्रधान ने कहा कि प्रशासन की इस अनदेखी के कारण किसानों में भारी रोष है और अब वे मजबूर होकर बड़े आंदोलन की ओर बढ़ रहे हैं। उन्होंने बताया कि किसान-मजदूरों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर जल्द ही गौतम बुद्ध नगर में तीनों विकास प्राधिकरणों के खिलाफ एक बड़ी पंचायत आयोजित की जाएगी। इस पंचायत में भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। पंचायत के जरिए सरकार और प्रशासन को किसानों की ताकत का एहसास कराया जाएगा।


23 मार्च को कुरुक्षेत्र में विशाल किसान-मजदूर रैली
बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि स्वतंत्रता सेनानी शहीद-ए-आजम भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव की पुण्यतिथि के अवसर पर 23 मार्च को हरियाणा के कुरुक्षेत्र स्थित पीपली में एक दिवसीय विशाल किसान मजदूर जन क्रांति रैली का आयोजन किया जाएगा। इस रैली में देशभर से किसान और मजदूर बड़ी संख्या में हिस्सा लेंगे। रैली के माध्यम से केंद्र और राज्य सरकार को किसानों की प्रमुख मांगों से अवगत कराया जाएगा। रैली में हरियाणा में हुए पांच हजार करोड़ रुपये से अधिक के कथित धान घोटाले की सीबीआई जांच, एमएसपी की गारंटी का कानून बनाने, किसान मजदूरों के लिए मुफ्त शिक्षा और इलाज, नया बीज कानून और बिजली कानून रद्द करने तथा किसानों और मजदूरों का संपूर्ण कर्ज माफ करने जैसी मांगें प्रमुख रूप से उठाई जाएंगी। वक्ताओं ने कहा कि जब तक किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं होगा, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।


किसान एकता पर दिया गया जोर
बैठक में मौजूद वक्ताओं ने किसानों से एकजुट रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि संगठन की मजबूती ही किसानों की सबसे बड़ी ताकत है। बैठक में छोटे नंबरदार, इरफान प्रधान, भूपेंद्र शर्मा, डॉ. उमर मोहम्मद, नौशाद मिस्त्री, नितिन नागर, अकरम, डॉ. इरफान, हाजी अलीशेर, डॉ. फरासत, तेजवीर, निजामुद्दीन, शाहरुख सहित कई कार्यकर्ता और पदाधिकारी उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *