ग्रेनो प्राधिकरण ने हैबतपुर डूब क्षेत्र की 6 हजार वर्ग मीटर जमीन कराई कब्जा मुक्त, अवैध निर्माणों पर चलाया बुलडोजर
- Shiv Kumar
- 29 Jan, 2026
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने बुधवार को अवैध निर्माण के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए हैबतपुर गांव के हिंडन डूब क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई की। प्राधिकरण की परियोजना और भूलेख विभाग की संयुक्त टीम ने करीब 6000 वर्ग मीटर जमीन पर किए गए अवैध निर्माण को बुल्डोजर चलाकर ध्वस्त कर दिया। यह कार्रवाई उन कॉलोनाइजरों के खिलाफ की गई, जो डूब क्षेत्र में अवैध कॉलोनियां बसाने की कोशिश कर रहे थे। कार्रवाई के दौरान प्राधिकरण पुलिस भी मौके पर मौजूद रही, ताकि किसी तरह की अव्यवस्था न हो। करीब दो घंटे तक चले इस ध्वस्तीकरण अभियान में अवैध रूप से बनाई गई दीवारें, प्लॉटिंग और अन्य निर्माण पूरी तरह हटा दिए गए।
एनजीटी के आदेशों के तहत लगातार हो रही कार्रवाई
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के एसीईओ सुमित यादव ने बताया कि हिंडन नदी के डूब क्षेत्र में किसी भी तरह के निर्माण पर राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) की ओर से सख्त प्रतिबंध है। इन आदेशों का पालन सुनिश्चित करने के लिए प्राधिकरण लगातार निगरानी और कार्रवाई कर रहा है। उन्होंने कहा कि डूब क्षेत्र में अतिक्रमण न सिर्फ कानूनन अपराध है, बल्कि इससे पर्यावरण और लोगों की सुरक्षा को भी गंभीर खतरा पैदा होता है। प्राधिकरण पहले भी कई बार चेतावनी और नोटिस जारी कर चुका है, लेकिन इसके बावजूद अवैध निर्माण जारी रहा, जिसके चलते यह कड़ी कार्रवाई करनी पड़ी।
बिना अनुमति निर्माण करने वालों को नहीं मिलेगी राहत
एसीईओ सुमित यादव ने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि ग्रेटर नोएडा के अधिसूचित क्षेत्र में बिना अनुमति या नक्शा पास कराए किसी भी तरह का निर्माण करने वालों के खिलाफ प्राधिकरण की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। उन्होंने आम लोगों से अपील की कि जमीन या प्लॉट खरीदने से पहले ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के भूलेख विभाग से पूरी जानकारी जरूर लें। उन्होंने कहा कि कई बार लोग सस्ते प्लॉट के लालच में अपनी जीवन भर की गाढ़ी कमाई अवैध कॉलोनियों में फंसा देते हैं, बाद में उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ता है।
खसरा संख्या 280 और 287 पर चला बुल्डोजर
प्राधिकरण की यह कार्रवाई हैबतपुर गांव की खसरा संख्या 280 और 287 की जमीन पर की गई, जो पूरी तरह हिंडन के डूब क्षेत्र में आती है और ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के अधिसूचित क्षेत्र का हिस्सा है। परियोजना विभाग के वर्क सर्किल-3 की टीम ने प्राधिकरण पुलिस के सहयोग से इस अभियान को अंजाम दिया। वर्क सर्किल-3 के प्रभारी राजेश कुमार निम और प्रबंधक रोहित गुप्ता सहित अन्य अधिकारी मौके पर मौजूद रहे। प्राधिकरण के महाप्रबंधक (परियोजना) एके सिंह ने बताया कि अवैध निर्माण को पहले कई बार रुकवाने का प्रयास किया गया था, लेकिन निर्माणकर्ता नहीं माने। आखिरकार नियमों के तहत यह सख्त कदम उठाना पड़ा।
Leave a Reply
Your email address will not be published. Required fields are marked *






