नोएडा के गांवों में भी मजबूत होगी स्वास्थ्य व्यवस्था, ककराला में बनेगा पहला आयुष्मान आरोग्य मंदिर, सफल ट्रायल के बाद हर गांव में योजना
- Shiv Kumar
- 27 Aug, 2026
नोएडा में शहर के साथ अब गांवों में रहने वाले लोगों के लिए भी स्वास्थ्य सुविधाएं बेहतर करने की तैयारी शुरू हो गई है। इसके तहत ककराला गांव में नोएडा का पहला आयुष्मान आरोग्य मंदिर विकसित किया जाएगा। फिलहाल इसे परीक्षण के तौर पर तैयार किया जा रहा है। इसका मकसद ग्रामीणों को सामान्य स्वास्थ्य समस्याओं के लिए दूर स्थित बड़े अस्पतालों के चक्कर लगाने से राहत देना है। यहां लोगों को उनके घर के आसपास ही प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने पर जोर रहेगा। खास बात यह है कि आरोग्य मंदिर में सिर्फ बीमारियों का इलाज ही नहीं होगा, बल्कि बीमारी से बचाव और स्वस्थ जीवनशैली को लेकर लोगों को जागरूक करने का काम भी किया जाएगा। अधिकारियों के मुताबिक ककराला में प्रयोग सफल रहा तो नोएडा के सभी गांवों में एक-एक आयुष्मान आरोग्य मंदिर बनाने की योजना पर आगे काम किया जाएगा। इससे ग्रामीण आबादी को स्थानीय स्तर पर जरूरी स्वास्थ्य सुविधाएं मिलने की उम्मीद है।
जांच और जरूरी दवाओं की मिलेगी सुविधा
आयुष्मान आरोग्य मंदिर के जरिए लोगों को घर के नजदीक कई जरूरी स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने की योजना है। केंद्र पर कई तरह की स्वास्थ्य जांच के साथ आवश्यक दवाएं भी निशुल्क उपलब्ध कराने की व्यवस्था होगी। मधुमेह और उच्च रक्तचाप जैसी गैर-संचारी बीमारियों की नियमित जांच पर भी ध्यान दिया जाएगा। इससे ऐसी बीमारियों की समय रहते पहचान करने और मरीजों को उपचार से जोड़ने में मदद मिल सकती है। केंद्र का जोर सिर्फ इलाज तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि लोगों को बीमारियों से बचने के तरीकों के बारे में भी जागरूक किया जाएगा। पुराने स्वास्थ्य उपकेंद्रों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को बेहतर बनाकर लोगों तक व्यापक प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना इस पहल का मुख्य उद्देश्य है। ग्रामीणों के लिए यह सुविधा खास तौर पर उपयोगी साबित हो सकती है।
महिलाओं और बच्चों के लिए भी मिलेंगी सेवाएं
ककराला में बनने वाले आरोग्य मंदिर में महिलाओं और बच्चों से जुड़ी स्वास्थ्य सुविधाओं पर भी ध्यान दिया जाएगा। गर्भवती महिलाओं को गर्भावस्था के दौरान जरूरी देखभाल और सलाह उपलब्ध कराई जाएगी। बच्चों के टीकाकरण और पोषण से जुड़ी जानकारी भी केंद्र पर मिलेगी। इसके अलावा मानसिक स्वास्थ्य से संबंधित परामर्श और आंख तथा कान-नाक-गला से जुड़ी बुनियादी स्वास्थ्य सेवाएं भी उपलब्ध कराने की योजना है। नोएडा प्राधिकरण के जीएम एके अरोड़ा के मुताबिक ककराला को पहले केंद्र के लिए चुना गया है। आरोग्य मंदिर तैयार होने के बाद यहां मिलने वाली सुविधाओं और व्यवस्था का आकलन किया जाएगा। प्रयोग सफल रहा तो इसी मॉडल को नोएडा के बाकी गांवों तक ले जाने की तैयारी होगी। इससे छोटे इलाज और सामान्य जांच के लिए बड़े अस्पतालों पर निर्भरता कम हो सकती है।
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